वेतन व पीएफ भुगतान को लेकर विरोध प्रदर्शन, शहर में कचरे का अंबार वीर कुंवर सिंह चौक पर सफाई कर्मियों का प्रदर्शन बक्सर खबर। मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे से दो दिन पूर्व शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से ठप हो गई है। गुरुवार की सुबह सफाई कर्मियों ने वीर कुंवर सिंह चौक पर एकत्रित होकर नगर प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। सफाई कर्मचारी मजदूर यूनियन संघ के अध्यक्ष बृज किशोर उपाध्याय उर्फ मोहन उपाध्याय ने बताया कि सफाई कर्मियों के वेतन और पीएफ राशि का भुगतान महीनों से लंबित है, जिससे उन्हें आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
टेंडर बढ़ा, लेकिन मजदूरी वही, सफाई कर्मियों की नाराजगी- सफाई कर्मियों ने आरोप लगाया कि सफाई टेंडर की राशि तो लगातार बढ़ रही है, लेकिन उनकी मजदूरी में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई। पहले सफाई कार्य का टेंडर 40 लाख था, तब भी मजदूरी 300 थी। उसके बाद टेंडर 87 लाख और अब टेंडर 1.20 करोड़ हो गया है, फिर भी सफाई कर्मियों को मात्र 300 ही मिल रहे हैं। उन्होंने नगर प्रशासन पर गाइडलाइन के अनुरूप वेतन न देने और प्रक्रिया में पारदर्शिता न बरतने का भी आरोप लगाया।


प्रदर्शन स्थल पर मौजूद वार्ड संख्या 21 के पार्षद गुड्डू कुमार ने सफाई कर्मियों की मांगों को जायज ठहराया। उन्होंने कहा कि वर्तमान ईओ और पूर्व कार्यपालक पदाधिकारी सिर्फ आश्वासन देते आ रहे हैं, लेकिन समाधान के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। सफाई कर्मियों ने ऐलान किया है कि जब तक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मिलकर अपनी मांगों का ज्ञापन नहीं सौंपा जाता, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। इस बीच, हड़ताल के कारण पूरे शहर में सफाई व्यवस्था ठप हो गई है और जगह-जगह कचरे का ढेर लग गया है। हड़ताल के चलते शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। सड़कों और गलियों में कूड़ा-कचरा जमा हो गया है, जिससे आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बावजूद इसके, नगर प्रशासन इस मुद्दे पर कोई ठोस कार्रवाई करने के बजाय चुप्पी साधे हुए है। अब देखना होगा कि सफाई कर्मियों की यह हड़ताल कब तक जारी रहती है और क्या मुख्यमंत्री के आगमन से पहले नगर प्रशासन कोई समाधान निकाल पाता है या नहीं।